महिला सशक्तिकरण की असली ताकत स्किल डेवलपमेंट और आत्मनिर्भरता में है
चंडीगढ़:- बाढ़ ने घरों की रफ्तार जरूर थाम दी, लेकिन अब प्रभावित परिवारों की बेटियों के सपनों को आगे बढ़ाने के लिए स्किल डेवलपमेंट का रास्ता खुल रहा है। एनआईआईबी ने करीब 1,500 बाढ़ प्रभावित छात्राओं को स्किल्ड प्रोफेशनल शिक्षा का निशुल्क सहारा दिया है। संस्थान ने जरूरतमंद और आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों के लिए 5.5 करोड़ रुपए की छात्रवृत्ति योजना की घोषणा भी की। ब्यूटी समेत विभिन्न प्रोफेशनल कोर्सेज के जरिए छात्राओं को रोजगार और स्वरोजगार से जोड़ने की पहल की जा रही है:यह मौका एनआईआईबी के 15वें वार्षिक दीक्षांत समारोह में सामने आया, जहां 30 से ज्यादा शाखाओं के करीब 1,500 विद्यार्थियों को डिग्री और डिप्लोमा प्रदान किए गए।
महिला सशक्तिकरण का मतलब सिर्फ अधिकार नहीं, आर्थिक आत्मनिर्भरता भी
पंजाब राज्य महिला आयोग की चेयरपर्सन राज लाली गिल ने कहा कि महिला सशक्तिकरण के सही मायने तभी पूरे होते हैं, जब महिलाओं और बेटियों के हाथ में ऐसा हुनर हो, जिससे वे अपने पैरों पर खड़ी हो सकें। उन्होंने कहा कि व्यावहारिक और रोजगारपरक स्किल डेवलपमेंट युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। उन्होंने एनआईआईबी की ओर से बाढ़ प्रभावित छात्राओं को स्किल शिक्षा का अवसर देने की पहल की सराहना की।
पंजाब राज्य ऑब्जर्वर गायत्री बिश्नोई, ईशान सिंह तथा पंजाब पर्यटन एवं सांस्कृतिक मामलों के सलाहकार दीपक बाली ने भी संस्थान की करियर-उन्मुख शिक्षा पहल की सराहना की।
ब्यूटी कोर्स पूरा कर अब रोजगार की ओर बढ़ेंगी बेटियां
एनआईआईबी की मैनेजिंग डायरेक्टर एवं आप पंजाब की राज्य प्रवक्ता डॉ. पूजा सिंह ने विद्यार्थियों को बधाई देते हुए कहा कि संस्थान स्किल-बेस्ड प्रोफेशनल शिक्षा के अवसरों का लगातार विस्तार करता रहेगा। उन्होंने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल प्रमाणपत्र हासिल करना नहीं, बल्कि विद्यार्थियों को अपने हुनर के जरिए बेहतर भविष्य बनाने के लिए सक्षम करेगा ।